भारत और त्रिनिदाद और टोबैगो ने जयशंकर की यात्रा के दौरान आठ एमओयू पर हस्ताक्षर किए
नई दिल्ली, भारत। भारत और त्रिनिदाद और टोबैगो के बीच संबंधों को और मजबूत करने के लिए विदेश मंत्री एस. जयशंकर की दो दिवसीय यात्रा के दौरान आठ इन्टर-सरकारी समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए गए। यह समझौते पर्यटन, स्वास्थ्य सेवा, अवसंरचना और आयुर्वेद जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों को लेकर हुए हैं। इस दौरान दोनों पक्षों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पिछले वर्ष त्रिनिदाद और टोबैगो यात्रा के दौरान घोषित पहलों की प्रगति की समीक्षा भी की।
विदेश मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, यह समझौते दोनों देशों के बीच सहयोग को नए आयाम देने के साथ-साथ जनसामान्य के जीवन स्तर में सुधार लाने की दिशा में कदम हैं। पर्यटन क्षेत्र में दोनों देशों ने सांस्कृतिक और आर्थिक सहयोग को बढ़ाने पर जोर दिया है, जिससे द्विपक्षीय यात्रा और सांस्कृतिक आदान-प्रदान में वृद्धि होगी। स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में आयुर्वेद और पारंपरिक चिकित्सा को बढ़ावा देने के लिए विशेष रूप से समझौता किया गया है, जिससे त्रिनिदाद और टोबैगो में आयुर्वेदिक उपचार और शिक्षा को विस्तार मिलेगा।
इसके अलावा, अवसंरचना परियोजनाओं में सहयोग के लिए भी समझौते हुए हैं, जहां दोनों देश तकनीकी और वित्तीय सहायता साझा करेंगे। इस पहल से दोनों देशों के व्यावसायिक और वाणिज्यिक संबंधों में भी तेजी आएगी। जयशंकर ने बैठक में यह भी कहा कि भारत और त्रिनिदाद और टोबैगो के बीच दोस्ताना संबंध सदैव मजबूत रहे हैं और दोनों देशों को साझा हितों को ध्यान में रखकर सहयोग को और गहरा करना चाहिए।
पिछले वर्ष दिसम्बर में, प्रधानमंत्री मोदी की त्रिनिदाद और टोबैगो यात्रा के दौरान कई अहम विषयों पर सहमति बनी थी, जिनकी प्रगति की यहां समीक्षा की गई। दोनों पक्षों ने इस बात पर संतोष व्यक्त किया कि द्विपक्षीय सहयोग के कार्यक्रम समय पर और उचित तरीके से क्रियान्वित हो रहे हैं। भारत ने यह भी आश्वासन दिया कि वह इस क्षेत्र में आगे भी तकनीकी और चिकित्सा सहायता प्रदान करता रहेगा।
विदेश मंत्री जयशंकर की यह यात्रा द्विपक्षीय संबंधों को ज्यादा विस्तृत और ठोस बनाने के साथ-साथ क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। आयुर्वेद और पारंपरिक चिकित्सा के क्षेत्र में पंचायत से लेकर उच्चस्तरीय तकनीकी पहल तक सहयोग करने की सहमति से यह सम्बन्ध नई ऊंचाइयों पर पहुँचेंगे।
अंत में, यह यात्रा भारत-त्रिनिदाद एवं टोबैगो के रणनीतिक साझेदारी को सुदृढ़ करने, नीति गठजोड़ और सामाजिक आर्थिक विकास के लिए एक नए अध्याय की शुरुआत मानी जा रही है। दोनों देशों के बीच समझौतों के दस्तावेजों पर हस्ताक्षर के बाद भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया, जिससे दोनों देशों के नागरिकों के बीच दोस्ताना भाव और गहरा हुआ।
